Taragarh fort Bundi in hindi तारागढ़ का किला (गिरि दुर्ग), बूँदी
गिरि दुर्ग का उत्कृष्ट उदाहरण बूँदी का तारागढ़ का किला पर्वत की ऊँची चोटी पर स्थित होने के फलस्वरूप धरती से आकाश के तारे के समान दिखलाई पड़ने के कारण तारागढ़ के नाम से प्रसिद्ध है।
किले का नाम | तारागढ़ का किला |
स्थान | बूँदी |
निर्माता | राव बरसिंह ने चौदहवीं शताब्दी में। |
निर्माण का समय | चौदहवीं शताब्दी (1334 ई.) |
किले की श्रेणी | गिरि दुर्ग |
विशेषता | पर्वत की ऊँची चोटी पर स्थित होने से तारे के समान दिखाई पड़ने पड़ने के कारण ‘तारागढ़’ नाम से विख्यात । |
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तारागढ़ किले का निर्माण
तारागढ़ किले का निर्माण राव बरसिंह ने चौदहवीं शताब्दी (1334 ई.) में मेवाड़, मालवा और गुजरात की ओर से संभावित आक्रमणों से बूँदी की रक्षा करने के लिए करवाया था।
तारागढ़ का किला लगभग 1426 फीट ऊँचे पर्वत शिखर पर बना हुआ है यह किला पांच मील के क्षेत्र में फैला हुआ है।
तारागढ़ का दुर्ग चारों ओर से तिहरे परकोटे से सुरक्षित है। बूंदी दुर्ग का स्थापत्य राजपूत व मुगल कला के समन्वय का उत्कृष्ट उदाहरण है।
मिट्टी का नकली दुर्ग
‘वीर विनोद’ के अनुसार महाराणा क्षेत्रसिंह (1364-82 ई.) बूँदी विजय करने के प्रयास में मारे गए थे।
महाराणा क्षेत्रसिंह के पुत्र महाराणा लाखा (1382-1421 ई.) काफी प्रयत्नों के बावजूद भी बूँदी पर अधिकार न कर सके तो उन्होंने मिट्टी का नकली दुर्ग बनवा उसे ध्वस्त कर अपनी प्रतिज्ञा पूरी की।
लेकिन नकली दुर्ग की रक्षा के लिए भी कुम्भा हाड़ा ने अपने प्राणों की बाजी लगा दी।
तारागढ़ दुर्ग के भीतर बने महलों में शिल्पकला एवं भित्तिचित्र
तारागढ़ दुर्ग के भीतर बने महल अपनी शिल्पकला एवं भित्तिचित्रों के कारण अद्वितीय है। इसका स्थापत्य कछवाहा राजवंश की पूर्व राजधानी आम्बेर से मिलता जुलता है।
इतिहासकार कर्नल टॉड बूँदी के राजमहलों के सौन्दर्य पर मुग्ध हो गया।
कर्नल टॉड ने राजस्थान के सभी रजवाड़ों के राजप्रासादों में बूंदी के राजमहलों को सर्वश्रेष्ठ कहा है।
बूँदी के इन राजमहलों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इनके भीतर अनेक दुर्लभ एवं जीवन्त भित्तिचित्रों के रूप में कला का एक अनमोल खजाना विद्यमान है।
विशेषकर महाराव उम्मेदसिंह के शासनकाल में निर्मित चित्रशाला (रंगविलास) बूंदी चित्रशैली का उत्कृष्ट उदाहरण उदाहरण प्रस्तुत करती है।
तारागढ़ दुर्ग में महल,सरोवर एवं तोप
तारागढ़ दुर्ग मेंछत्र महल, अनिरुद्ध महल, रतन महल, बादल महल और फूल महल प्रमुख हैं।
तारागढ़ दुर्ग मेंचौरासी खम्भों की छतरी, शिकार बुर्ज तथा फूल-सागर और नवल सागर सरोवर व गर्भ-गुंजन तोप बूँदी के वैभव को दर्शाते हैं।
तारागढ़ दुर्ग मानव निर्मित नहीं बल्कि फरिश्तों द्वारा बनाया गया
एक विदेशी पत्रकार रूडयार्ड किपलिंग के शब्दों में तारागढ़ दुर्ग मानव निर्मित नहीं बल्कि फरिश्तों द्वारा बनाया लगता है।
Taragarh fort Bundi in hindi
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